उत्तर कोरिया ने कौन सी मिसाइल दागी कि हिल गए अमेरिका-जापान?
उत्तर कोरिया ने रविवार को अपने पूर्वी तट से दो मिसाइलें दागकर एक बार फिर कोरियाई प्रायद्वीप में तनाव बढ़ा दिया. यह करीब एक हफ्ते के अंदर उत्तर कोरिया की दूसरी मिसाइल टेस्टिंग थी. दक्षिण कोरिया के रक्षा मंत्रालय के मुताबिक, दोनों मिसाइलें शॉर्ट रेंज बैलिस्टिक मिसाइल थीं और इन्हें वॉनसन इलाके से दागा गया.
दक्षिण कोरिया के जॉइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ ने बताया कि पहली मिसाइल को रविवार दोपहर करीब 3 बजे डिटेक्ट किया गया. इसने करीब 450 किलोमीटर की दूरी तय की. दक्षिण कोरियाई सेना का अनुमान है कि यह मिसाइल ह्वासोंग-11 सीरीज की हो सकती है. जापान के रक्षा मंत्रालय ने भी इसे बैलिस्टिक मिसाइल बताया.
पहली मिसाइल के करीब तीन घंटे बाद उत्तर कोरिया की सेना ने दूसरी शॉर्ट रेंज मिसाइल दागी. इसे रविवार शाम करीब 5:50 बजे वॉनसन से लॉन्च किया गया. दक्षिण कोरिया के मुताबिक, दूसरी मिसाइल ने 600 किलोमीटर से ज्यादा की दूरी तय की. जापान के सरकारी प्रसारक एनएचके ने बताया कि मिसाइल जापान के एक्सक्लूसिव इकोनॉमिक जोन यानी विशेष आर्थिक क्षेत्र के बाहर जाकर गिरी. हालांकि, मिसाइल के नाम और इसके वर्जन की जानकारी सामने नहीं आई है.
#IGR: North Korea Conducts Missile Launch Off Its East Coast North Korea fired a missile off its east coast on Sunday, according to South Korea’s Joint Chiefs of Staff. South Korean authorities detected the launch, but further details about the missile were not immediately… pic.twitter.com/TMRCMZF4r3
अमेरिका को पहले से पता थी मिसाइल की लॉन्चिंग!
दक्षिण कोरिया और अमेरिका की खुफिया एजेंसियां लॉन्च के शुरुआती चरण से ही घटना पर नजर रख रही थीं. दोनों देशों ने मिसाइल की जानकारी जापान के साथ भी साझा की. दक्षिण कोरिया की नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल ने मिसाइल लॉन्च की निंदा की और उत्तर कोरिया से तुरंत मिसाइल गतिविधियां रोकने को कहा. काउंसिल ने कहा कि यह टेस्ट संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के प्रस्तावों का सीधा उल्लंघन है.
जापान ने भी उत्तर कोरिया के खिलाफ राजनयिक माध्यमों से विरोध दर्ज कराया. जापान के रक्षा मंत्री शिंजिरो कोइजुमी ने कहा कि उत्तर कोरिया की यह कार्रवाई जापान, पूरे क्षेत्र और अंतरराष्ट्रीय समुदाय की शांति और सुरक्षा के लिए खतरा है.
इससे पहले उत्तर कोरिया ने अमेरिका, दक्षिण कोरिया और जापान के सैन्य अभ्यासों पर भी नाराजगी जताई थी. किम जोंग उन की बहन किम यो जोंग ने शुक्रवार को अमेरिका के नेतृत्व वाले सैन्य अभ्यासों को कोरियाई प्रायद्वीप में बढ़ते तनाव के लिए जिम्मेदार बताया था. उन्होंने परमाणु हथियारों को मजबूत करने की उत्तर कोरिया की नीति में कोई बदलाव नहीं होने की बात कही थी.

